जाने मेंहदीपुर बालाजी मंदिर की सबसे प्रचलित प्रथा

जाने मेंहदीपुर बालाजी मंदिर की सबसे प्रचलित प्रथा

वीर हनुमान का रास्थान में मौजूद वीर हनुमान का बालाजी मंदिर काफी फेमस हैं. इस मंदिर के बारे में कहा जाता है कि यहां पर लोगों के अंदर का भूत बाहर निकाला जाता है. इस मंदिर में बालाजी महाराज के साथ साथ इस मंदिर में श्री प्रेतराज सरकार और श्री कोतवाल कप्तान "भैरवजी" की मूर्तियां भी हैं। ऐसा माना जाता है कि पर प्रेतराज सरकार यहां दण्डाधिकारी पद पर आसीन हैं. यहां पर श्री भैरव जी महाराज कोतवाल के रूप में विराजित हैं.भूत-प्रेत आदि से पीड़ित व्यक्ति को मंदिर पहुंचकर तीनों देवगण को प्रसाद चढ़ाना पड़ता है। बाला जी को लड्डू, प्रेतराज सरकार को चावल और कोतवाल कप्तान भैरव को उड़द का प्रसाद चढ़ाया जाता है। इस प्रसाद में से दो लड्डू, रोगी को खिलाए जाते हैं, शेष प्रसाद पशुओं को डाल दिया जाता है। मान्यता है कि ऐसा करने से भूत-प्रेत अपने आप ही बाला जी महाराज के चरणों में आत्मसमर्पण कर देते हैं।​

विज्ञान के इस युग में भी बालाजी महाराज के यहां पर भूत- प्रेत आदि का इलाज होना किसी मज़ाक जैसा लगता हैं परन्तु इस पर विश्वास करने वाले पीड़ित बालाजी धाम को बहुत ज्यादा मानते हैं. लोगों के अनुसार यह मान्यता है कि यहां पर वीर बजरंगी अपने सबसे जागृत रूप में विराजमान हैं और भूत प्रेत जैसी समस्याएं यहां आते ही समाप्त हो जाती है. यह पर शाम की आरती के बाद भूत प्रेत से पीड़ित लोगों के लिए विशेष उपाय किए जाते हैं।